Nov 1, 2018
35 Views
Comments Off on 100 करोड़ में बनकर तैयार हुई भारत की पहली बिना इंजन वाली बेहतरीन ट्रेन

100 करोड़ में बनकर तैयार हुई भारत की पहली बिना इंजन वाली बेहतरीन ट्रेन

Written by

आपको सुनकर हैरानी होगी कि भारत में विकसित, ऊर्जा बचाने वाली व बिना इंजन की ट्रेन का सोमवार को रेलवे बोर्ड के चेयरमैन अश्विनी लोहानी ने लाकार्पण किया, जिसकी लागत सौ करोड़ है। ट्रेन बनने के तत्पश्चात् लोहानी ने हरी झंडी दिखाई उसके बाद सफेद रंग की यह ट्रेन इंटिग्रल कोच फैक्ट्री (आइसीएफ) में कुछ दूर तक चली। अधिकारी इस बात का दावा कर रहे हैं कि ट्रेन-18 नामक यह रेलगाड़ी भारतीय रेलवे के लिए गेमचेंजर साबित होगी। 160 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से चलने वाली यह रेलगाड़ी शताब्दी एक्सप्रेस का विकल्प बनेगी।

आइसीएफ के प्रबंधक एस मणि ने बताया कि इस ट्रेन को आधी लागत में विकसित किया गया है। इसमें 16 कोच होंगे और 1,128 यात्रियों के बैठने की क्षमता होगी। इसमें अलग से पावर कार नहीं होगी। हर दूसरा कोच मोटरयुक्त होगा, जिससे उसकी गति को तेजी से बढ़ाया और घटाया जा सकेगा। इससे 20 प्रतिशत तक ऊर्जा बचेगी। यह बहुत कम कार्बन उत्सर्जित करेगी। कहते हैं ऐसी ट्रेनों के विकास में 3-4 साल लग जाते हैं, लेकिन हमने सिर्फ 18 महीने में ऐसा कर दिखाया है जो अविश्वसनीय भी है।

अब बात आती है ट्रेन के बनावट की। ट्रेन की दोनों तरफ चालकों के लिए केबिन होंगे। इस तरह इसे वापस मोड़ने में अतिरिक्त समय बर्बाद नहीं होगा। इस ट्रेन में काफी लाभ मिल सकता है। पूर्णतः वातानुकूलित इस ट्रेन में यात्री सुविधाओं और सुरक्षा का भी भरपूर ध्यान रखा गया है। ड्राइवर समेत हर कोच में सीसीटीवी कैमरे लगे होंगे। इसमें एक्जिक्यूटिव क्लास की सीटें घुमावदार हैं, जिन्हें ट्रेन की दिशा में सेट किया जा सकता है। ट्रेन मैनेजमेंट सिस्टम चालक के केबिन में होगा। इसकी सीढ़ियां अपने आप ही खुलने वाली होंगी। इसके दरवाजे पूरी तरह ऑटोमेटिक होंगे। यानी, ट्रेन रुकने पर ही ये खुलेंगे और चलने से पहले बंद हो जाएंगे। यात्री लोगों की आपातकालीन अवस्था में क्रू सदस्यों से बात करने के लिए हर कोच में संवाद इकाई होगी।

Article Categories:
News